Header Ads

  • INA BREAKING NEWS

    गाजीपुर। यूनिट ने आज़ादी का अमृत महोत्सव ओल्ड एज होम के वृद्धजनों में गिफ़्ट पैकेट्स और तिरंगा झंडा वितरण करके मनाया।

    गाजीपुर। 15 अगस्त एक ओर पराधीनता की बेड़ियों से आज़ादी पाने और उसके लिये अपने प्राणों का बलिदान देने वाले वीरों को याद करने का दिन है तो दूसरी ओर हम सबका अभिमान तिरंगा फहराने का भी शुभ दिन है। इसी क्रम में मानवता और सद्भावना के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय रहने वाली संस्था ऑल इंडिया पयामे इन्सानियत फोरम ग़ाज़ीपुर यूनिट(मानवता सन्देश अभियान) के साथियों द्वारा ग़ाज़ीपुर शहर के गोराबाजार स्थित वृद्धाश्रम में रह रहे वृद्धजनों के साथ स्वतंत्रता दिवस का जश्न धूमधाम से मनाया गया।

    सर्वप्रथम फोरम के ग़ाज़ीपुर यूनिट के संरक्षक मौलाना सऊदुल हसन नदवी ने उपस्थित जनों को सम्बोधित करते हुए कहा कि मानवता की सेवा हमारा सबसे बड़ा उद्देश्य है,हम एक दूसरे के दुःख-दर्द में काम आएं,एक दूसरे से प्रेम करें,एक दूसरे को समझें और दूसरे को रिस्पेक्ट दें तो जिंदगी की तस्वीर खूबसूरत हो सकती है,हमें चाहिये कि प्रेम का हम ऐसा बागीचा लगाएं जिसमें सिर्फ खुशहाली हो और देश की तरक़्क़ी का एक ऐसा मॉडल तैयार हो जिसमें लोगों के लिये सिर्फ भलाई ही भलाई हो और सद्भावना की ऐसी ठंडी हवा चले जिससे नफरत मर जाये और मुहब्बत और प्रेम को ज़िंदगी मिल जाय।

       कार्यक्रम संयोजक मौलाना नजमुस्साकिब नदवी ने कहा कि आज देश आज़ादी का अमृत महोत्सव मना रहा है,ये देश के लिये गर्व की बात है तो ऐसे अवसर पर हम प्रण करें कि देश में हम मानवता और सद्भावना की एक ऐसी गंगा बहायेंगे जो देश को प्रगति के पथ पर डाल दे।  

    नसीम अब्बासी ने कहा कि देश को आज़ाद हूए 75 साल गुजर गए,ये एक बड़ी कामयाबी है, अब ज़रूरत है कि देश के जो कमज़ोर-दुखियारे लोग हैं उनके चेहरों पर हंसी लाई जाय। आबिद हुसैन ने कहा कि फोरम समाज के लोगों को दुःख-दर्द को बांटने के लिये निरन्तर सक्रिय है और आगे भी वह ऐसी सेवा करती रहेगी। अरमान अंसारी ने कहा कि ज़िंदगी में सुख चाहिए तो एक दूसरे की मदद कीजिये।

       तारिक़ नसीम ने कहा कि हमारी कोशिश रहती है कि सद्भावना का ऐसा माहौल बनाया जाए जिसमें एक दूसरे के लिये कोई शक-शुबहा न हो। दानियाल सिद्दीकी ने कहा कि हमें जब भी लोगों के परेशानियों का पता चलता है तो हम उनके दुःख-दर्द को दूर करने के लिये तत्पर हो जाते हैं।

       शमशाद अंसारी ने कहा कि पयामे इंसानियत फोरम कई बरसों से सद्भावना के लिये सक्रिय रहती है और आगे भी इस पर वह अपनी कोशिशें जारी रखेगी। अब्दुस्समद सिद्दीकी ने कहा कि आज समाज में दुखियारों की बड़ी अधिकता है,सभ्य समाज का कर्तव्य है कि उनके चेहरे पर मुस्कान लाये। फैसल अहमद ने कहा कि 15 अगस्त एक ओर हमें जंगे आज़ादी का दौर याद दिलाता है तो दूसरी ओर सभी देशवासियों को एकता के सूत्र में बांधने को प्रेरित करता है।    

    सम्बोधन के पश्चात फोरम के साथियों ने वृद्धाश्रम रह रहे वृद्धजनों में रोज़मर्रा से जुड़ी सामग्री जैसे साबुन,तेल,शैम्पू, पाउडर,सूई-धागा,रबर बैंड,ईयर बर्ड,टूथपेस्ट व टूथब्रश,बिस्कुट-मिठाई और तिरंगा झंडा आदि का एक किट तैयार करके उन्हें भेँट किया। किट पाकर वृद्धजन बहुत खुश हुए और फ़ोरम के साथियों को वह आशीर्वाद व दुआएं देने से स्वयं को रोक नहीं पाए। ज्ञात हो कि फोरम की ग़ाज़ीपुर यूनिट पिछले कई वर्षों से गरीबों और ज़रूरतमंदों में लगातार मानव सेवा कर रही है,और उनके दुःख-दर्द को बांटने का निरंतर प्रयास कर रही है और सद्भावना के क्षेत्र में लोगों को जागरूक कर रही है कि ताकि लोग प्रेम और भाईचारे के साथ रह सकें। इस अवसर पर सरदार दर्शन सिंह,कल्पना सिंह,विमलेश कुमार,दुर्गेश राय,विनोद कुमार,कलाम अहमद,राहुल दुबे आदि गणमान्य लोग उपस्थित थे।

    Post Top Ad


    Post Bottom Ad


    Blogger द्वारा संचालित.