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    शाहजहांपुर। एलपीजी गैस का सुरक्षित प्रयोग हेतु कार्यशाला का आयोजन किया गया

    शाहजहांपुर। तहसील जलालाबाद के सभागार में एलपीजी गैस सुरक्षित प्रयोग हेतु कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता नायब तहसीलदार व इं. अनुज गुप्ता सचिव एलपीजी डिस्ट्रीब्यूटर एसोसिएशन द्वारा एलपीजी गैस के सुरक्षित उपयोग के बारे में कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला प्रमुखता एलपीजी गैस कनेक्शन धारकों के लिए लगाया गया था। इस कार्यशाला के आयोजन का उद्देश्य ग्रामीण गैस कनेक्शन धारकों में एलपीजी के सुरक्षित उपयोग के बारे में जानकारी देना थी। 

    कार्यशाला में अनुज ने बताया कि कैसे कुछ बुनियादी बातों को ध्यान में रखते हुए अनचाहे हादसों के बचा जा सकता है। उन्होंने बताया कि गैस चूल्हे को हमेशा सिलिंडर से कम से कम 6 इंच ऊपर किसी समतल स्थान पर ही रखे, कभी भी गैस चूल्हे को सिलिंडर के बराबर या उस से निचे न रखे, ये हादसे का सबब बन सकता है। 

    उन्होंने बताया कि सिलिंडर को हमेशा खड़ा करके ही रखे, गैस कम या ख़तम होने पर उसको ज़मीन पर लिटा कर उपयोग न करें। चूल्हे को ऐसी जगह रखे जहाँ बहार की सीधी हवा लौ पर न लगे, इस से दुर्घटना की संभावनाएं बढ़ सकती हैं। हमेशा चूल्हा जलाते समय पहले माचिस की तीली जलाएं उसके बाद ही गैस ओन करें। 

    भोजन पकाते समय कोई अन्य काम न करें, हमेशा सूती वस्त्र/अप्रिन पहन कर ही चूल्हे का उपयोग करें। रत को सोते समय या बहार जाते समय रेगुलेटर को हमेशा बंद करके रखें। सिलिंडर से रिसाव महसूस होने पर रेगुलेटर को हटाकर सेफ्टी कैप लगायें और खुले में रखकर वितरक को तुरंत सूचित करें और किसी भी बिजली से चलने वाले उपकरण को ओन या ऑफ ना करें जब तक स्थिति सामान्य ना हो जाये। 

    किसी भी एलपीजी रिसाव समस्या होने पर हेल्पलाइन नंबर 1906 पर संपर्क करें। नायब तहसीलदार जी ने कहा कि ये बहुत ही अच्छी और महत्वपूर्ण जानकारी है, ये जानकारी सभी एलपीजी इस्तेमाल करने वाले उपभोक्ताओं को मालूम होना चाहिए जिस से अनचाहे हादसे से बचा जा सके। उन्होंने कहा कि आशा करते हैं कि इस तरह के आयोजन आगे भी होते रहें ताकि लोगों में जागरूकता आती रहे। 

    विशिष्ठ अतिथि अक्षत जैन ने कहा कि हमारी इंडियन आयल कोमप्न्य गैस सुरक्षा को लेकर बहुत ही गंभीर है और इस तरह की कार्यशाला के आयोजन पूरे देश में किये जा रहे हैं ताकि गैस सम्बंधित दुर्घटनाओं में कमी लायी जा सके। कार्यशाला में अक्षत जैन, पंकज कुमार, इं. अनुज गुप्ता, सविता देवी, अर्चना राजपूत, विमला, सरस्वती, नूर जहाँ, बिट्टो गुड्डू, रामकिशोर, राहुल, धर्मेन्द्र रुरेन्द्र आदि लोगों का योगदान रहा।




    फ़ैयाज़ उद्दीन

    Initiate News Agency(INA), शाहजहाँपुर

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