Header Ads

  • INA BREAKING NEWS

    अयोध्या: श्रीराम मंदिर निर्माण को लेकर आस्था, श्रद्धा और विश्वास के आगे बेरोजगारी और महंगाई फीकी पड़ी

    अयोध्या: श्रीराम मंदिर निर्माण को लेकर आस्था, श्रद्धा और विश्वास के आगे बेरोजगारी और महंगाई फीकी पड़ी 

    1000 करोड़  से ज्यादा श्री राम जन्मभूमि  मंदिर निर्माण के लिए समर्पण निधि जमा हुई

    अयोध्या। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम  के जन्म भूमि  अयोध्या में  बन रहे मंदिर निर्माण में लोग  बढ़-चढ़कर  समर्पण   सहयोग देख कर पुण्य के भागी बन रहे हैं। इतना ही नहीं वर्तमान समय में जिस तरह से बेरोजगारी और महंगाई का आलम है उस पर आस्था श्रद्धा और विश्वास भारी  दिखाई पड़ रहा है। इसी बात से अंदाजा लगाया जा रहा है कि करीब पच्चीस छब्बीस दिन में  1000 करोड़ से ज्यादा  समर्पण निधि  जमा हुई है । भगवान श्री राम की जन्मभूमि पर राममंदिर निर्माण के लिए मकर संक्रांति से चल रहे निधि समर्पण अभियान में ‘जन-जन के राम’ की अवधारणा की पुष्टि हो रही है। पूरे देश में समर्पण अभियान को लेकर जो उत्साह दिख रहा है। उसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मात्र 25 दिन के भीतर पूरे देश से राममंदिर निर्माण के लिए लगभग एक हजार करोड़ से ज्यादा  की धनराशि जमा हो चुकी है।रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने आधिकारिक रूप से यह जानकारी दी है।


    अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए पूरे देश में हर वर्ग समर्पण निधि में अपना सहयोग दे रहा है। अब तक लगभग एक हजार करोड़ की समर्पण निधि रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के तीन बैंक खातों में जमा हो चुकी है। छोटे बच्चे भी गुल्लक के माध्यम से समर्पण निधि रामलला को अर्पित कर रहे हैं, तो मजदूर, भिखारी, ठेला-खोमचा, रिक्शा चालक भी अपनी सामर्थ्य के अनुसार राममंदिर के लिए सहयोग कर रहे हैं। पूरब से लेकर पश्चिम तक, उत्तर से लेकर दक्षिण तक सभी दिशाओं से हर जाति, मजहब, पंथ के लोग राममंदिर के लिए दान दे रहे हैं।  राम सब में हैं, राम सबके हैं, राम जन-जन के हैं। 

    बताया जाता है कि देश में एक लाख पचास हजार टोलियां संग्रह कर रही हैं। 35 हजार कार्यकर्ता बैंक में समर्पण राशि डिपॉजिट कर रहे हैं। 13 करोड़ से ज्यादा 10 रुपये, 100 रुपये व 1000 के कूपन रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से छापे गए थे, लेकिन कई राज्यों से जो सूचनाएं आ रही हैं। उसमें यह कूपन समाप्त होने लगे हैं। राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट नए सिरे से कूपन छपवाने में लगा है।  मेघालय, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, नागालैंड जैसे राज्यों से समर्पण राशि मिल रही है। देश के हर राज्य में हर वर्ग रामलला के मंदिर में अपना सहयोग करने के लिए आतुर है। 27 फरवरी के बाद समर्पण निधि अभियान समाप्त हो जाएगा और कोई भी कार्यकर्ता राम मंदिर निर्माण के लिए कूपन लेकर किसी के घर नहीं जाएगा। जिनको भी सहयोग करना होगा वह ट्रस्ट कार्यालय या रामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की ओर से जारी भारतीय स्टेट बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा और पंजाब नेशनल बैंक के अकाउंट में राम मंदिर के लिए सहयोग कर सकता है।

    राममंदिर निर्माण के लिए रामजन्मभूमि परिसर में नींव खोदाई का काम चल रहा है। बरसात शुरू होने से पहले न्यू का काम पूरा हो जाएगा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने  नींव खोदाई का कार्य देखा।  रामजन्मभूमि न्यास कार्यशाला में  पत्थरों को लेकर इंजीनियरों से चर्चा भी की।  राममंदिर निर्माण के लिए अब तक छह मीटर खोदाई हो चुकी है। जिस लेवल पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूजा की थी, उस लेबल पर करीब 18 फीट नीचे का मलवा हटाया जा चुका है। चार सौ फीट पश्चिम से पूरब दिशा की ओर, 250 फीट उत्तर से दक्षिण की ओर नींव खोदने का काम चल रहा है। राममंदिर की नींव में करीब 4 लाख घनफुट पत्थर लगेंगे।  पत्थर शीघ्र अयोध्या आना शुरू हो जाएंगे।  निधि समर्पण अभियान ने साबित कर दिया है कि राम जन-जन के मन में हैं। 27 फरवरी तक समर्पण निधि अभियान पूरे देश में चलेगा। जितनी कल्पना थी उससे ज्यादा समर्पण हिंदी आ रही है। इससे यह लग रहा है कि आस्था श्रद्धा और विश्वास बेरोजगारी और महंगाई पर भारी पड़ रही है।

    देव बक्श वर्मा
    आई एन ए न्यूज़ अयोध्या - उत्तर प्रदेश

    Post Top Ad


    Post Bottom Ad


    Blogger द्वारा संचालित.