Header Ads

  • INA BREAKING NEWS

    अयोध्या: नवरात्र में शुरू हो सकता है राममंदिर का निर्माण, अत्याधुनिक मशीनें अयोध्या पहुंची

    अयोध्या: नवरात्र में शुरू हो सकता है राममंदिर का निर्माण, अत्याधुनिक मशीनें अयोध्या पहुंची
    (विकास प्राधिकरण बोर्ड की बैठक में नक्शा पास, मानचित्र पास कराने की कवायद पूरी)
    अयोध्या।
    मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम की पावन नगरी अयोध्या में  राम मंदिर निर्माण के लिए  सारी बाधाएं पार करते हुए  अब मंदिर निर्माण  का नक्शा अयोध्या विकास प्राधिकरण अयोध्या द्वारा पास हो गया। नवरात्र में राम मंदिर का निर्माण शुरू होगा  । विकास प्राधिकरण  ने बुधवार को बोर्ड की बैठक में सर्वसम्मति से राम मंदिर परिसर का लेआउट और राम मंदिर का नक्शा पास कर दिया। अब राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को दो करोड़ 11 लाख 33 हज़ार 184 रुपए जमा करने होंगे। इसमें विकास शुल्क एक करोड़ 79 लाख 45 हज़ार 477 रुपए, विकास शुल्क एक लाख 50 हज़ार, भवन निर्माण अनुज्ञा शुल्क 64 हज़ार 400 रुपये और पर्यवेक्षण शुल्क 29 लाख 73 हजार 307 रुपये जमा करने होंगे। इससे पहले ट्रस्ट 65 हज़ार रुपये मैप के आवेदन के समय ही जमा करवा चुका है।

     राम मंदिर निर्माण में अतिरिक्त लेबर सेस के रूप में 15 लाख 363 रुपए उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड के नाम जमा करना होगा। इस तरह से अयोध्या जनपद में अयोध्या विकास प्राधिकरण को सबसे ज्यादा विकास शुल्क देने वाले रामलला होंगे। बोर्ड की बैठक में अध्यक्ष कमिश्नर एमपी अग्रवाल, उपाध्यक्ष डॉ नीरज शुक्ला, पदेन सदस्य डीएम अनुज झा और अन्य सदस्य मौजूद रहे। राम मंदिर के लिए अब राम भक्तों में आस जग गई है कि जल्द ही राम मंदिर बनकर तैयार हो जाएगा और राम भक्त अपने आराध्य को भव्य मंदिर में दर्शन करने करने को पाएंगे।

    5 अगस्त को पीएम नरेंद्र मोदी द्वारा राम मंदिर के लिए शिला पूजन किया गया है. कार्यक्रम के बाद से ही  मानचित्र पास कराने की कवायद चल रही थी ।

    बताया जा रहा है कि सितंबर के दूसरे सप्ताह यानी नवरात्र में राम मंदिर निर्माण कार्य शुरू हो सकता है। विकास प्राधिकरण से मानचित्र स्वीकृति के बाद  अब  नीव की खुदाई का काम शुरू हो जाएगा। इसके लिए अत्याधुनिक मशीनें राम जन्मभूमि परिसर में पहुंच चुकी हैं।

    रामलला के मंदिर निर्माण के लिए पत्थरों को परिसर में पहुंचाने का काम भी अब जल्द ही शुरू होगा। रामलला के मंदिर की मजबूती के लिए मंदिर निर्माण में स्टील या लोहे का इस्तेमाल नहीं होगा।

    पत्थरों को आपस में जोड़ने के लिए सरकार की स्टैंडर्ड कंपनी का ही तांबा श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट दान में लेगा, जिससे की तांबे की गुणवत्ता होगी। ऐसे में अब आम लोगों को यह आस जग गई है कि वह दिन दूर नहीं है जब राम मंदिर बन कर तैयार हो जाएगा और राम भक्तों के लिए खुल जाएगा। इंतजार की घड़ियां अब समाप्त होने वाली है।

          देव बक्श वर्मा 
       आई एन ए न्यूज़
     अयोध्या उत्तर प्रदेश


    Post Top Ad


    Post Bottom Ad


    Blogger द्वारा संचालित.